- लेट फीस मांगी और नहीं दिया तो पीटा
- इंजीनियरिंग कॉलेज बना भगदड़ मैदान
- कानपुर के मंधना इलाके का है मामला
प्रवीण द्विवेदी, वीकली आई न्यूज़
लखनऊ। राजधानी से लगभग 100 किलोमीटर दूर कानपुर में एक प्राइवेट इंजीनियरिंग कॉलेज में बुधवार को हंगामा मच गया। बात सिर्फ इतनी थी कि मंधना के उस इंजीनियरिंग कॉलेज के कुछ छात्र थोड़ा विलम्ब से कालेज पहुंचे थे। खबर है कि इसी बात को छात्रों से लेट फीस मांगी गई और नहीं दिया गया तो कालेज के शिक्षकों ने लाठियों से उनकी पिटाई कर दी।
आरोप है कि देर से आने पर छात्रों से लेट फीस के नाम पर 300 रुपये की मांग की गई। मामला बढ़ा तो कालेज प्रशासन ने दो प्रोफेसरों को सस्पेंड कर दिया है। और अब मामले में आगे की जांच जारी है।
यह धटना बिठूर थाना क्षेत्र स्थित मंधाना के महाराणा प्रताप इंजीनियरिंग कॉलेज का है। हुआ यह बुधवार की सुबह शहर में घना कोहरा छाया हुआ था। और इसके चलते विजिबिलिटी बेहद कम थी। इसी कारण कई छात्र कॉलेज निर्धारित समय सुबह 9 बजे से करीब 10 मिनट देरी से पहुंचे। धटना की जानकारी देते हुए एक छात्र कृष्णा ने बताया कि देरी पर शिक्षक अनिल पाठक और अन्य शिक्षकों ने छात्रों से 300 रुपये ‘लेट चार्ज’ के रूप में वसूलने की कोशिश की। जब छात्रों ने कोहरे का हवाला देते हुए इसका विरोध किया, तो शिक्षक गाली-गलौज पर उतर आए और डंडों व बेल्ट से पिटाई शुरू कर दी। छात्रों का यह भी आरोप है कि शिक्षकों ने कॉलेज का गेट बंद कर दिया, ताकि कोई बाहर न जा सके। फिर इसके बाद दौड़ा-दौड़ाकर पीटा गया।
इस हिंसा में अभिषेक, चित्रांश, कृष्णा, अग्रिम द्विवेदी, अक्षांश, अस्मित सोनकर समेत कई छात्र घायल हो गए। आरोप है कि मुस्कान, अंजलि, अंशिका और अनन्या सहित छात्राओं को भी नहीं बख्शा गया। डंडे के वार से छात्रा मुस्कान का हाथ फट गया, जिसे अन्य घायल छात्राओं के साथ कॉलेज के अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों से बातचीत कर स्थिति को शांत कराया। मामले की गंभीरता को देखते हुए कॉलेज प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से दो प्रोफेसरों को सस्पेंड कर दिया है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
